Monday, September 19, 2011

कांग्रेसियों भारत माता की रक्षा करो ।

इस तस्वीर को गौर से देखो और यदि कांग्रेसी हो तो सोचो की इस तस्वीर की विशेषता क्या है । नही समझ आया ... यहां सोनिया और राहुल आपस में गुफ्तगूं  कर रहे हैं ऐसा लगता है ना... यदि इन्हे कोई जरूरी बात करनी होती तो ये घर में भी कर सकते थे सार्वजनिक रूप से इस तरह की तस्वीरें जारी करने का क्या मतलब है ?  यदि आप  कांग्रेसी कार्यकर्ता हैं तो आपको बताया जाएगा की देश की समस्याओं पर गंभीर विचार विमर्श चल रहा है जबकि वास्तविकता ये है की राहुल सोनिया मैडम को वहां होने वाली बातों का इटली में अनुवाद बता रहे हैं । जी हां भारत देश के महान कांग्रेसी बंधुओं आपकी माननीया सोनिया गांधी को हिंदी तो छोडिये अंग्रेजी भी ढंग से आती है क्योंकि ये मात्र हाई स्कूल पास हैं । संसद में अपनी पढाई के विषय में दिये झूठे हलफनामे पर सोनिया गांधी संसद में माफी मांग चूकी हैं । अब आते हैं मुद्दे की बात पर- - - यदि आप कट्टर कांग्रेसी हैं तो जाहिर सी बात है की आपके पास कम से कम 2 एन.जी.ओ. जरूर होंगे .... उन एन.जी.ओ. को मिलने वाला पैसा कहां से आता है और आप तक कितना पहुंच रहा है उससे भले ही आपका कोई लेना देना ना हो लेकिन इस देश का बंटाधार होने के पीछे एक वजह ये भी है ।
                                              चलिये ये बात हटाएं क्योंकि इससे आपका पेट जुडा है .. हां तो बात हो रही थी सोनिया मैडम की ... क्या आप जानते हैं की उन्हे क्या बीमारी थी ? नही मालूम ... हां यही है सही जवाब ... दरअसल उन्हे डरने की बीमारी है सोनिया गांधी बांग्लादेश के दौरे पर गईं और 25 जुलाई को अचानक गायब हो गईं ... किसी को कोई खबर नही लग पाई की सोनिया कहां है ( सोचो जिस दिन मैडम के खिलाफ आप-हम मिल कर अपने देश का काला धन लाने के लिये एक जुट हो जाए और मैडम ऐसे ही गायब हो जाए तो कौन वापस ला पाएगा मैडम को...) जब मैने यह खबर पढा तो मुझे लगा की अन्ना हजारे की क्रांती से डरकर मैडम पहले ही गायब हो गई है लेकिन 2 अगस्त को एक छोटी सी खबर नें मुझे चौंका दिया ... खबर थी राजीव गांधी फांउडेशन द्वारा गुडगांव में 5 एकड जमीन का अवैध रूप से अधिग्रहण के विरूद्ध कोर्ट में मामला दर्ज ... अब मामला समझ में आया की मैडम को लगा कहीं अदालत नें उन्हे कोर्ट में हाजिर होने को कह दिया तो ?  बस फिर क्या था मैडम मिली सीधे अमेरीका के 5  स्टार अस्पताल में  ।
                                        इस तरह की खबरें भी हैं कि सोनिया स्‍वास्‍थ्‍य लाभ के लिए वील कॉर्नेल मेडिकल सेंटर या कोलंबिया यूनिवर्सिटी मेडिकल सेंटर में भी दाखिल हो सकती हैं। यह दुनिया के आलीशान व नामी अस्‍पतालों में से एक है।  कोलंबिया यूनिवर्सिटी सेंटर में पांच सितारा होटल जैसी सुविधाएं हैं। सर्जरी के बाद स्वास्थ्य लाभ के दौरान यह सेंटर ऐसे आलीशान कमरे मुहैया कराता है जहां से हडसन नदी का नजारा दिखता है। यहां तीमारदारों के लिए विजिटर रूम की सुविधा है जो आम तौर पर अन्य अस्पतालों में नहीं होती है ।
                         मेरा ये बातें लिखने का उद्देश्य यह है की आम कांग्रेसी भी यह जाने की मैडम की सोच कितनी उच्च है । जिस तरह के घाटों की बात कह कर आम जनता पर महंगाई डायन का वार किया जा रहा है वह सब दिखावा है । दरअसल हम भारतीय दुनिया के सबसे अमीर देश के वासी है । जब हमारे मंदिरों के खाजनों को सरकार अपने कब्जे में कर रही है तो वह चर्च और दरगाहों की अकूत दौलत पर हाथ क्यों नही डाल रही है . हमारे सारे मंदिरों का चढावा अपने बाप की बपौती समझ कर सरकार इस्तेमाल कर लेती है मगर दुसरे धर्मों के पैसों को जिनसे वास्तव में आतंकवादीयों को व धर्मांतरण करने वालों को पनाह मिलती है उस धन पर सरकार कोई रूख नही बताती है । क्यों ... क्योकि किसी दरगाह, मजार या चर्च के पैसों की बात सोचना भी अल्पसंख्यक समुदाय की भावनाओं को ठेस पहुंचाना होता है जिनके विरोध को सरकार सहन नही कर सकती ।
                          यह बात भारतीय मुस्लिम कांग्रेसियों को भी समझना होगा की सोनिया गांधी उस इटली देश की पैदाइश है जिसने दुनिया को माफिया दिया है । सोनिया के मन में भारत देश या यहां के निवासियों के लिये कोई दया श्रद्धा भाव नही है । वह आज भी इटली की ही परंपरा का पालन कर रही है इसका एक उदाहरण देखिये ----स्नातक की पढ़ाई के बाद राहुल ने प्रबंधन गुरु माइकल पोर्टर की प्रबंधन परामर्श कंपनी मॉनीटर ग्रुप के साथ 3 साल तक काम किया। इस दौरान उनकी कंपनी और सहकर्मी इस बात से पूरी तरह से अनभिज्ञ थे कि वो किसके साथ काम कर रहे हैं क्योंकि राहुल यहां एक छद्म नाम रॉल विंसी के नाम से कार्य करते थे। राहुल का नाम रॉल विंसी छद्म नाम नही है बल्कि सोनिया की बहन विंसी परिवार से है अनुष्का के पति वाल्टर विंसी हैं ।  प्रयंका बढेरा  की शादी रॉबर्ट वाड्रा से हुई, जिनसे उनकी मुलाकात उनके पारिवारिक मित्र ओत्तावियो क्वात्रोची के घर  पर हुई. उनके रेहन और मिराया दो बच्चे हैं ।
                                   आज हालात यह है भारत की सारी बडी मिडिया के कार्यकर्ता भले ही भारतीय हों लेकिन मालिक कोई ना कोई चर्च है । जैसे एंण्डियन एक्सप्रेस नें बोफोर्स से संबंधित कई बडे खुलासे किये यहां तक की वाल्टर विंसी को इटली में दी गई नकद रकम का भी खुलासा सबसे पहले इसी अखबार नें किया था लेकिन आज हालात यह है कि इण्डियन एक्सप्रेस समूह में चर्च एक्ट्स मिनिस्ट्रीज का काफी बडा हिस्सा है और चर्च सोनिया या उसके परिवार के विरूद्ध कोई बात नही छापता है ।
                                            मैं यह सब इसलिये लिख रहा हूँ क्योंकि हम आप सबसे पहले भारतीय हैं और पार्टीवादी बाद में । मैं आपसे हर पार्टी से अलग (भाजपा भी कोई दुध की धुली नही है) केवल राष्ट्रहित में देश के सभी कांग्रेसी भाइयों व सोनिया समर्थकों से एक ही अपील करता हूँ की इस देश की रक्षा और सुरक्षा की जवाबदारी हम पर ही है और सोनिया को समर्थन देकर हम अपनी ही जान से खिलवाड कर रहे हैं ।
                                             मेरा आप सभी लोगों से निवेदन है की एक बार ये सोच कर देखें की जब सोनिया के खिलाफ सारे सबूत मिल जाएँगे और हम अपने हिस्सा का धन मांगने सोनिया को तलाशेंगे लेकिन वह सारे परिवार के साथ गायब मिले तो हम क्या करेंगे ।